Mera Sainik Mera Abhiman - मेरा सैनिक मेरा अभिमान - Amar Ujala Kavya
मेरा सैनिक मेरा अभिमान मेरे देश के सिपाहियों मेरी माँ की लाज हो तुम सरहदों पे खड़े हो तुम सीना फलाये तन के आने ना पाए दुश्मन इस पार किसी जतन से वतन-ए-अमन रक्षक,. Read more hindi poetry, hindi shayari, hindi kavita on amar ujala kavya.